(ब्यूरो कार्यालय)
सिवनी (साई)। 14 अक्टूबर 2026 को जिला रोजगार कार्यालय, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र और शासकीय आईटीआई सिवनी के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय युवा संगम रोजगार, स्वरोजगार एवं अप्रेंटिसशिप मेले का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना के निर्देशन में 08 निजी कंपनियों ने भाग लिया। 364 युवाओं ने पंजीकरण कर मेले में भाग लिया, जिनमें से 201 उम्मीदवारों को प्रारंभिक चयन मिला, जबकि टाटा मोटर्स इंदौर ने अप्रेंटिसशिप के लिए 3 उम्मीदवारों को चुना। यह पहल युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार और स्वरोजगार के अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से आयोजित की गई।
रोजगार मेले का विस्तृत विवरण
मेले में ट्रेनी, सहायक, कॉल सेंटर, फील्ड वर्कर, मशीन ऑपरेटर, पर्यवेक्षक, तकनीकी सहायक और सुरक्षा गार्ड सहित विभिन्न पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया चलायी गई। कंपनियों ने अपने चयन मानदंडों के अनुसार प्रारंभिक स्क्रीनिंग की और उम्मीदवारों को आगे की प्रक्रिया के लिए बुलाया। साथ ही, टाटा मोटर्स इंदौर ने अपने अप्रेंटिसशिप प्रोग्राम के तहत तकनीकी प्रशिक्षण और रोजगार की संभावना प्रदान की। इस कार्यक्रम ने युवाओं को रोजगार के साथ-साथ कौशल विकास के अवसर भी प्रदान किए।
स्वरोजगार एवं ऋण सहायता
ग्रामीण आजीविका मिशन सिवनी ने मेले में स्वसहायता समूहों के लिए 6 लाख रुपये की ऋण स्वीकृति एवं वितरण की जानकारी दी। इस पहल से युवाओं को स्वरोजगार के लिए वित्तीय समर्थन मिलने की संभावना बढ़ी। कार्यक्रम में जिला रोजगार अधिकारी श्री वी.के. सदाफल, शासकीय आईटीआई सिवनी के प्राचार्य श्री आर. नागोत्रा और ग्रामीण आजीविका मिशन के सहायक प्रबंधक श्री अरविंद सेन सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे, जिन्होंने रोजगार और स्वरोजगार के महत्व पर प्रकाश डाला।
प्रमुख बिंदु
• स्थान: सिवनी
• आयोजन: युवा संगम रोजगार, स्वरोजगार एवं अप्रेंटिसशिप मेले
• पंजीकृत आवेदक: 364
• प्रारंभिक चयनित उम्मीदवार: 201
• टाटा मोटर्स अप्रेंटिसशिप चयन: 3
• भागीदारी कंपनियां: 08 निजी कंपनियां
• ऋण सहायता: स्वसहायता समूहों के लिए 6 लाख रुपये
• प्रमुख अधिकारी: कलेक्टर नेहा मीना, जिला रोजगार अधिकारी वी.के. सदाफल, प्राचार्य आर. नागोत्रा
भविष्य की दिशा
नियमित रोजगार मेलों और स्वरोजगार समर्थन के माध्यम से सिवनी में युवा शक्ति को सशक्त बनाना जारी रहेगा। आधुनिक तकनीक और कौशल प्रशिक्षण को जोड़कर कंपनियों की भर्ती प्रक्रिया को तेज़ किया जाएगा, जिससे रोजगार की गुणवत्ता और स्थायित्व में सुधार होगा। सरकारी और निजी साझेदारी के तहत निरंतर समीक्षा और समर्थन से प्रदेश की आर्थिक विकास यात्रा में युवा वर्ग का योगदान बढ़ेगा।