(ब्यूरो कार्यालय)
सिवनी (साई)। सिवनी के कृषि विज्ञान केंद्र में 15 अक्टूबर 2026 को राष्ट्रीय महिला किसान दिवस का भव्य आयोजन हुआ। इस कार्यक्रम का मुख्य अतिथि जिला कलेक्टर श्रीमती नेहा मीना थीं, जिन्होंने महिला किसानों की भूमिका को उजागर किया। उपसंचालक कृषि सुधीर धुर्वे, वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. शेखर सिंह बघेल, जनपद अध्यक्ष किरण भलावी, उपसंचालक उद्यानिकी आशा उपवंशी और सहायक संचालक सायला कुरैशी सहित कई अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिला कृषकों को सम्मानित किया गया और कृषि नवाचार, जैविक खेती एवं फसल अवशेष प्रबंधन पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम की विस्तृत रिपोर्ट
कार्यक्रम के दौरान कलेक्टर नेहा मीना ने कहा कि कृषि विज्ञान केंद्र, आत्मा परियोजना और कृषि विभाग को मिलकर महिला किसानों को नवीन तकनीक और बाजार तक पहुँचाने के लिए ठोस रणनीति बनानी चाहिए। उन्होंने प्राकृतिक एवं जैविक खेती, फसल अवशेष प्रबंधन, जल संरक्षण और डिजिटल कृषि उपकरणों के उपयोग को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया। उपसंचालक कृषि सुधीर धुर्वे ने महिला किसानों द्वारा अपनाए गए आधुनिक बीज, उर्वरक और कीट प्रबंधन तकनीकों को सफल उदाहरण के रूप में प्रस्तुत किया। डॉ. शेखर सिंह बघेल ने स्थानीय जलवायु के अनुरूप नई किस्मों के विकास की जानकारी साझा की और कहा कि इन नवाचारों से उत्पादन में 15‑20 प्रतिशत तक वृद्धि संभव है। कार्यक्रम में कृषि महाविद्यालय जबलपुर के चौथे वर्ष की छात्राओं ने भी ग्रामीण कृषि कार्य अनुभव के तहत किसानों के साथ संवाद किया, जिससे भविष्य की पीढ़ी को व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त हुआ।
खबर के प्रमुख बिंदु
• कंपनी: कृषि विज्ञान केंद्र, सिवनी
• आयोजन: राष्ट्रीय महिला किसान दिवस
• स्थान: सिवनी
• मुख्य उद्देश्य: महिला किसानों की भूमिका को उजागर करना, कृषि नवाचार को प्रोत्साहित करना
• प्रमुख संकल्प/घोषणाएं: जैविक खेती, फसल अवशेष प्रबंधन, डिजिटल कृषि उपकरणों का विस्तार
• लक्ष्य: उत्पादन में 15‑20% वृद्धि, महिला किसानों की आर्थिक सशक्तिकरण
भविष्य में नियमित रूप से ऐसे कार्यक्रम आयोजित करके महिला किसानों को नवीनतम तकनीक, बाजार जानकारी और वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। निरंतर प्रशिक्षण, प्रौद्योगिकी अपनाना और नीति समन्वय से कृषि उत्पादन में स्थायी वृद्धि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती सुनिश्चित होगी।