आज का पंचांग: शनिवार 18 July 2026, जानिए शुभ-अशुभ मुहूर्त

आज का पंचांग (शनिवार, 18 July 2026)

सनातन धर्म में किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले पंचांग देखने की परंपरा है। पंचांग के माध्यम से तिथि, नक्षत्र, योग, करण और शुभ-अशुभ मुहूर्तों की जानकारी प्राप्त होती है। आइए जानते हैं 18 July 2026 का विस्तृत पंचांग।

🌞 आज का दिन विशेष

शनिवार को शनि देवता का विशेष महत्व है। शनि को न्याय, अनुशासन और कर्मफल के प्रतीक माना जाता है। इस दिन शनि की कृपा प्राप्त करने के लिए शनि चालीसा का पाठ, काली या शनि के द्विज द्वार पर जल अर्पण और शनि को शनि अष्टक का जाप करना लाभकारी माना जाता है। शनि के प्रभाव से धैर्य, स्थिरता और दीर्घकालिक सफलता की प्राप्ति होती है, इसलिए आज के कार्यों में दृढ़ता और अनुशासन का पालन करना उत्तम रहेगा।

📅 तिथि, नक्षत्र, योग, करण

  • वार: शनिवार
  • तिथि: कृष्ण तृतीया
  • नक्षत्र: चित्रा
  • योग: विजय योग
  • करण: वणिजा

🌅 सूर्योदय और सूर्यास्त | चंद्र उदय-चंद्रास्त

Noida, Uttar Pradesh (स्थानीय समयानुसार)

  • सूर्योदय: 05:31 AM
  • सूर्यास्त: 07:44 PM
  • चंद्र उदय: 08:12 PM
  • चंद्रास्त: 06:48 AM (अगले दिन)

⛔ राहुकाल, गुलिक काल, यमगण्ड

काल समय
राहुकाल 09:30 AM – 11:00 AM
गुलिक काल 12:00 PM – 01:30 PM
यमगण्ड 07:30 PM – 09:00 PM

🌟 अभिजीत मुहूर्त

12:12 PM – 01:00 PM

अभिजीत मुहूर्त को विशेष रूप से नए कार्य आरम्भ, विवाह और महत्वपूर्ण दस्तावेज़ों पर हस्ताक्षर करने के लिये अत्यंत शुभ माना जाता है। इस समय की ऊर्जा सफलता और समृद्धि को आकर्षित करती है।

🕒 दिन के चोघड़िया

चोघड़िया समय फल
उद्वेग 05:31 AM – 07:17 AM असफल
चर 07:17 AM – 09:03 AM असफल
लभ 09:03 AM – 10:49 AM सफल
अमृत 10:49 AM – 12:35 PM अत्यधिक सफल
काल 12:35 PM – 02:21 PM असफल
शुभ 02:21 PM – 04:07 PM सफल
रोग 04:07 PM – 05:53 PM असफल
उद्वेग 05:53 PM – 07:44 PM असफल

🌙 रात के चोघड़िया

चोघड़िया समय फल
चर 07:44 PM – 08:57 PM असफल
लभ 08:57 PM – 10:10 PM सफल
अमृत 10:10 PM – 11:23 PM अत्यधिक सफल
काल 11:23 PM – 12:36 AM असफल
शुभ 12:36 AM – 01:49 AM सफल
रोग 01:49 AM – 03:02 AM असफल
उद्वेग 03:02 AM – 04:15 AM असफल
चर 04:15 AM – 05:31 AM असफल

🪔 आज के विशेष शुभ मुहूर्त

  • ब्रह्म मुहूर्त: 03:55 AM – 05:31 AM
  • अभिजीत मुहूर्त: 12:12 PM – 01:00 PM
  • विजय मुहूर्त: 06:30 PM – 07:30 PM
  • अमृत चौघड़िया: 10:49 AM – 12:35 PM
  • गोधूलि मुहूर्त: 06:30 PM – 07:30 PM

🛕 पूजा एवं संकल्प मुहूर्त

शनि चालीसा का पाठ 07:00 AM – 08:00 AM के बीच करें। शनि को काली या शनि के द्विज द्वार पर जल अर्पण 06:30 PM – 07:30 PM (गोधूलि मुहूर्त) में करना लाभकारी रहेगा। यदि आप शनि व्रत रख रहे हैं तो 07:00 PM से 08:00 PM तक शनि अष्टक का जाप करें। दान के लिये काली के द्वार पर काली वस्त्र, काली दान या काली के लिये काली वस्त्र अर्पित करें।

📦 खरीदारी मुहूर्त (Gold, Vehicle, Electronics)

  • 10:49 AM – 12:35 PM (अमृत चोघड़िया)
  • 08:57 PM – 10:10 PM (लभ चोघड़िया)
  • 03:55 AM – 05:31 AM (ब्रह्म मुहूर्त)

सोने की खरीदारी के लिये अमृत चोघड़िया सबसे उत्तम माना जाता है, जबकि वाहन एवं इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं की खरीदारी लभ चोघड़िया में करने से सौदा सफल रहता है।

📜 नए कार्य प्रारंभ

नौकरी में नई जिम्मेदारी, व्यापारिक प्रस्ताव या शैक्षणिक प्रोजेक्ट के लिये 12:12 PM – 01:00 PM (अभिजीत मुहूर्त) तथा 10:49 AM – 12:35 PM (अमृत चोघड़िया) सबसे अनुकूल हैं। इस समय में किए गये कार्यों में दीर्घकालिक सफलता की संभावना अधिक रहती है।

💼 व्यवसाय / कारोबार मुहूर्त

व्यापार विस्तार, अनुबंध हस्ताक्षर और निवेश के लिये 06:30 PM – 07:30 PM (विजय मुहूर्त) तथा 08:57 PM – 10:10 PM (लभ चोघड़िया) उत्तम हैं। शनि के प्रभाव से धीरज और नियोजन में मजबूती आएगी, इसलिए इस दिन बड़े वित्तीय निर्णय लेने में सावधानी बरतें।

🗓 दिन-विशेष / धार्मिक व सांस्कृतिक महत्व

  • आज शनि अष्टमी (शनि के अष्टमी) का विशेष महत्त्व है; शनि को अष्टमी व्रत रखने वाले कई लोग इस दिन उपवास रखते हैं।
  • कृष्ण तृतीया को विष्णु के शत्रु बंधु के रूप में माना जाता है, इसलिए इस दिन धार्मिक कार्यों में शांति और समरसता का ध्यान रखें।

समग्र रूप से शनिवार 18 जुलाई 2026 शनि की कृपा से परिपूर्ण है। शनि के नियमों का पालन, अनुशासन और धैर्य के साथ कार्य करने से सफलता सुनिश्चित होगी। राहु‑काल, यमगण्ड एवं गुलिक काल में अत्यधिक सावधानी बरतें तथा अभिजीत, ब्रह्म एवं अमृत मुहूर्त में ही महत्वपूर्ण कार्य आरम्भ करें। पंचांग का सही उपयोग जीवन को संतुलित और समृद्ध बनाता है।

(नोट : यहां प्रस्तुत पंचांग, सामान्य तौर पर मध्य प्रदेश के जिला मुख्यालय सिवनी पर आधारित है, यह अलग अलग स्थानों पर अक्षांश एवं देशांश प्रथक प्रथक होने से परिवर्तित हो सकता है, इसलिए इस पर बारीकी विचार करते समय आप योग्य ज्योतिषाचार्य से सलाह अवश्य ले लें)

(साई फीचर्स)