सिवनी में फिर 42 डिग्री के पार पहुंचा तापमान, बढ़ती गर्मी ने बढ़ाई लोगों की परेशानी

मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में गर्मी का असर लगातार तेज होता जा रहा है। रविवार 24 मई 2026 को जिले का अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 22 डिग्री तक पहुंच गया। तेज धूप और बढ़ती गर्म हवाओं ने आम जनजीवन को प्रभावित किया है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी की संभावना बनी हुई है।

(ब्यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)। सिवनी जिले में आज रविवार 24 मई 2026 की शाम तक रिकार्ड किया गया पिछले 24 घंटों का तापमान इस प्रकार रहा . . .

सिवनी, शनिवार 23 मई 2026
अधिकतमन्यूनतमआद्रता
सुबह352228
शाम42.423.420
वर्षा0मिली मीटर

सिवनी जिले में मई महीने के अंतिम सप्ताह के दौरान गर्मी ने एक बार फिर अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। रविवार 24 मई 2026 को रिकॉर्ड किए गए पिछले 24 घंटों के तापमान ने जिलेवासियों की चिंता बढ़ा दी। मौसम विभाग द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार जिले का अधिकतम तापमान 42.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। लगातार बढ़ती गर्मी और दोपहर के समय चल रही गर्म हवाओं ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित करना शुरू कर दिया है।

सुबह से ही तेज धूप और उमस के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। दोपहर के समय बाजारों और सड़कों पर सामान्य दिनों की तुलना में कम भीड़ दिखाई दी। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों और मजदूरों को भीषण गर्मी के बीच काम करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।

मई के अंतिम सप्ताह में बढ़ा तापमान

मई का महीना सामान्य रूप से गर्म माना जाता है, लेकिन इस वर्ष तापमान में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। पिछले कुछ दिनों से सिवनी जिले में तापमान 40 डिग्री के आसपास बना हुआ था, लेकिन रविवार को यह आंकड़ा बढ़कर 42.4 डिग्री तक पहुंच गया।

विशेषज्ञों के अनुसार उत्तर-पश्चिमी हवाओं और बारिश की कमी के कारण तापमान में तेजी से वृद्धि हो रही है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों में प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय नहीं हुईं, तो तापमान में और बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है।

दोपहर में सड़कों पर पसरा सन्नाटा

गर्मी का असर शहर की दिनचर्या पर साफ दिखाई देने लगा है। दोपहर 12 बजे के बाद सड़कों पर लोगों की आवाजाही कम हो गई। बाजारों में भी सामान्य दिनों की तुलना में कम भीड़ देखी गई। कई क्षेत्रों में लोग धूप से बचने के लिए घरों में ही रहने को मजबूर नजर आए।

बढ़ती गर्मी का सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और दैनिक मजदूरी करने वाले लोगों पर दिखाई दे रहा है। गर्म हवाओं के कारण लोगों को चक्कर आने, थकान और डिहाइड्रेशन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ी परेशानी

सिवनी जिले के ग्रामीण इलाकों में भी गर्मी का प्रभाव तेजी से बढ़ा है। खेतों में काम करने वाले किसानों और मजदूरों को तेज धूप के बीच काम करना पड़ रहा है। कई गांवों में दोपहर के समय सार्वजनिक स्थानों पर सन्नाटा देखा गया।

ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की मांग भी बढ़ गई है। हैंडपंप और नलकूपों पर लोगों की भीड़ बढ़ने लगी है। कुछ इलाकों में जलस्तर नीचे जाने की शिकायतें भी सामने आ रही हैं। यदि तापमान इसी तरह बढ़ता रहा तो आने वाले दिनों में जल संकट की स्थिति गंभीर हो सकती है।

बिजली की खपत में तेजी

तापमान बढ़ने के साथ-साथ बिजली की मांग में भी तेजी आई है। कूलर, पंखे और एयर कंडीशनर के अधिक उपयोग के कारण बिजली खपत सामान्य दिनों की तुलना में काफी बढ़ गई है। शहर के कुछ हिस्सों में लो-वोल्टेज और बिजली कटौती की शिकायतें भी सामने आई हैं।

ऊर्जा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बढ़ती मांग को देखते हुए बिजली आपूर्ति बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं। हालांकि अत्यधिक लोड बढ़ने पर तकनीकी समस्याएं उत्पन्न होने की संभावना बनी रहती है।

स्वास्थ्य विभाग ने जारी की सावधानी

गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। डॉक्टरों का कहना है कि दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अत्यधिक आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें।

विशेषज्ञों ने लोगों को निम्न सावधानियां अपनाने की सलाह दी है:

  • पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें
  • हल्के और सूती कपड़े पहनें
  • धूप में निकलते समय सिर ढककर रखें
  • बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें
  • अधिक समय तक खाली पेट न रहें
  • गर्मी लगने के लक्षण दिखने पर तुरंत चिकित्सकीय सलाह लें

स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बढ़ती गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ जाता है, इसलिए सतर्कता बेहद जरूरी है।

मौसम विभाग ने क्या कहा

मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 48 घंटों के दौरान जिले में मौसम शुष्क बना रह सकता है। तेज धूप और गर्म हवाओं का असर जारी रहने की संभावना जताई गई है। विभाग ने संकेत दिए हैं कि यदि वातावरण में नमी नहीं बढ़ी तो तापमान 43 डिग्री तक पहुंच सकता है।

हालांकि कुछ क्षेत्रों में हल्के बादल छाने की संभावना भी व्यक्त की गई है, लेकिन फिलहाल बारिश के स्पष्ट संकेत नहीं मिले हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि जून के पहले सप्ताह तक प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय हो सकती हैं।

बदलते मौसम चक्र का असर

विशेषज्ञ लगातार यह मान रहे हैं कि जलवायु परिवर्तन का असर अब छोटे शहरों और जिलों में भी साफ दिखाई देने लगा है। पहले जहां सिवनी जैसे क्षेत्रों में तापमान अपेक्षाकृत संतुलित रहता था, वहीं अब यहां भी अत्यधिक गर्मी के दिन बढ़ते जा रहे हैं।

वन क्षेत्र होने के बावजूद जिले में तापमान में लगातार वृद्धि चिंता का विषय माना जा रहा है। पर्यावरण विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ते शहरीकरण, हरित क्षेत्र में कमी और मौसम चक्र में बदलाव इसके प्रमुख कारण हो सकते हैं।

आम लोगों की बढ़ी चिंता

लगातार बढ़ती गर्मी के कारण आम नागरिकों की चिंता भी बढ़ गई है। बाजारों में ठंडे पेय पदार्थों, फलों और बर्फ की मांग में तेजी देखी जा रही है। कई लोग सुबह और शाम के समय ही जरूरी काम निपटाने को प्राथमिकता दे रहे हैं।

व्यापारियों का कहना है कि दोपहर के समय ग्राहक कम पहुंच रहे हैं, जिससे व्यापार पर भी असर पड़ा है। वहीं स्कूल जाने वाले बच्चों के अभिभावक भी बढ़ती गर्मी को लेकर चिंता जता रहे हैं।

प्रशासन की तैयारी पर नजर

गर्मी के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए प्रशासनिक स्तर पर भी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। स्वास्थ्य सेवाओं को अलर्ट मोड पर रखा गया है ताकि हीट वेव जैसी स्थिति बनने पर तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

नगर क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था और बिजली आपूर्ति को लेकर भी निगरानी बढ़ाई जा रही है। यदि तापमान में और वृद्धि होती है तो अतिरिक्त व्यवस्थाएं लागू की जा सकती हैं।

आने वाले दिनों में कैसी रहेगी स्थिति

मौसम विशेषज्ञों के अनुसार मई के अंतिम सप्ताह और जून के शुरुआती दिनों में गर्मी का असर जारी रह सकता है। दिन के तापमान में मामूली बढ़ोतरी संभव है, जबकि रात के तापमान में भी धीरे-धीरे वृद्धि दर्ज की जा सकती है।

यदि मानसून पूर्व गतिविधियां समय पर सक्रिय नहीं हुईं तो लोगों को अगले कुछ दिनों तक भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। ऐसे में स्वास्थ्य सुरक्षा और पानी की उपलब्धता सबसे बड़ी चुनौती बन सकती है।

गर्मी से बचाव के लिए जरूरी सुझाव

विशेषज्ञों का कहना है कि बढ़ती गर्मी के बीच छोटी-छोटी सावधानियां बड़ी समस्याओं से बचा सकती हैं। लोगों को अपने दैनिक जीवन में कुछ बदलाव अपनाने की आवश्यकता है।

ध्यान रखने योग्य बातें:

  • दोपहर में अनावश्यक यात्रा से बचें
  • अधिक कैफीन और तली-भुनी चीजों का सेवन कम करें
  • घरों में पर्याप्त वेंटिलेशन बनाए रखें
  • बच्चों को धूप में खेलने से रोकें
  • शरीर में पानी की कमी न होने दें

सिवनी जिले में लगातार बढ़ता तापमान अब चिंता का विषय बनता जा रहा है। रविवार को अधिकतम तापमान का 42.4 डिग्री तक पहुंचना यह संकेत देता है कि आने वाले दिनों में गर्मी और अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकती है। बढ़ती गर्मी का असर स्वास्थ्य, जल व्यवस्था, बिजली खपत और दैनिक जीवन पर स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। विशेषज्ञों और प्रशासन दोनों की नजर स्थिति पर बनी हुई है, लेकिन आम लोगों को भी सतर्कता और सावधानी अपनाने की जरूरत है। मौसम में संभावित बदलाव और प्री-मानसून गतिविधियों पर अब सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।