(ब्यूरो कार्यालय)
रांची (साई)। झारखंड में छात्रों के प्रदर्शन के बीच पूर्व जेपीएससी अध्यक्ष एल खियांगते की गिरफ्तारी एक महत्वपूर्ण घटना है। कांग्रेस सांसद पवन खेरा ने इसे एक सपना जैसा बताया है। उन्होंने कहा है कि गुजरात मॉडल छात्रों के अधिकारों की रक्षा करने में विफल रहा है। इस बीच, झारखंड सीआईडी ने एल खियांगते की गिरफ्तारी की पुष्टि की है। छात्र समूहों ने जेपीएससी और जेएसएससी में सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन जारी रखा है। छात्रों का कहना है कि वे अपनी मांगों को शांतिपूर्ण तरीके से रखना चाहते हैं। हालांकि, पुलिस ने आरोप लगाया है कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड्स तोड़ दिए और पुलिस पर पत्थर फेंके।
प्रदर्शनकारियों की मांगें
छात्र समूहों ने जेपीएससी और जेएसएससी में सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन जारी रखा है। उन्होंने जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा के निरस्तीकरण और सीबीआई जांच की मांग की है।
छात्रों का कहना है कि वे अपनी मांगों को शांतिपूर्ण तरीके से रखना चाहते हैं। हालांकि, पुलिस ने आरोप लगाया है कि कुछ प्रदर्शनकारियों ने बैरिकेड्स तोड़ दिए और पुलिस पर पत्थर फेंके।
गुजरात मॉडल पर सवाल
कांग्रेस सांसद पवन खेरा ने कहा है कि गुजरात मॉडल छात्रों के अधिकारों की रक्षा करने में विफल रहा है। उन्होंने कहा है कि यह मॉडल छात्रों के हितों की अनदेखी करता है।
हालांकि, सरकार का कहना है कि गुजरात मॉडल एक सफल मॉडल है जिसने राज्य को विकास की दिशा में आगे बढ़ाया है।
प्रदर्शनकारियों की मांगों पर सरकार की प्रतिक्रिया
सरकार ने प्रदर्शनकारियों की मांगों पर ध्यान देने का वादा किया है। उन्होंने कहा है कि वे छात्रों के हितों की रक्षा करने के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।
हालांकि, प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे सरकार के वादों पर भरोसा नहीं कर सकते हैं। उन्होंने कहा है कि वे अपनी मांगों को पूरा होने तक प्रदर्शन जारी रखेंगे।
- छात्र समूहों ने जेपीएससी और जेएसएससी में सुधार की मांग को लेकर प्रदर्शन जारी रखा है।
- प्रदर्शनकारियों ने जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा के निरस्तीकरण और सीबीआई जांच की मांग की है।
- कांग्रेस सांसद पवन खेरा ने कहा है कि गुजरात मॉडल छात्रों के अधिकारों की रक्षा करने में विफल रहा है।
प्रदर्शनकारियों के भविष्य की योजनाएं
प्रदर्शनकारियों ने कहा है कि वे अपनी मांगों को पूरा होने तक प्रदर्शन जारी रखेंगे। उन्होंने कहा है कि वे सरकार के साथ बातचीत करने के लिए तैयार हैं।
हालांकि, उन्होंने कहा है कि वे अपनी मांगों को पूरा होने तक प्रदर्शन जारी रखेंगे। उन्होंने कहा है कि वे अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ने के लिए तैयार हैं।

लंबे समय से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं प्रीति भोसले, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, दिल्ली आदि में पत्रकारिता करने के साथ ही समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया से जुड़ी हुई हैं, प्रीति भोसले ….
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