(ब्यूरो कार्यालय)
इंदौर (साई)। हेपेटाइटिस के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए विश्व हेपेटाइटिस दिवस मनाया जाता है, हेपेटाइटिस की अनदेखी लिवर को नुकसान पहुंचा सकती है, समय पर जांच और उपचार से इस बीमारी को टाला जा सकता है, इंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज में हेपेटाइटिस के उपचार के लिए माडल ट्रीटमेंट सेंटर बनाया गया है, यहां पर हर साल हेपेटाइटिस बी के एक हजार और हेपेटाइटिस सी के 300 मरीजों की पहचान होती है
हेपेटाइटिस की अनदेखी के कारण
हेपेटाइटिस के मरीजों को अक्सर पता ही नहीं चलता कि वे इस बीमारी से पीड़ित हैं, वायरस का लोड बढ़ने पर लिवर को नुकसान होता है, इस वजह से हेपेटाइटिस को साइलेंट किलर कहा जाता है
हेपेटाइटिस की अनदेखी के कारण मरीजों को जटिल समस्याओं का सामना करना पड़ता है, समय पर जांच और उपचार से इस बीमारी को टाला जा सकता है
हेपेटाइटिस के उपचार के लिए माडल ट्रीटमेंट सेंटर
इंदौर के एमजीएम मेडिकल कॉलेज में हेपेटाइटिस के उपचार के लिए माडल ट्रीटमेंट सेंटर बनाया गया है, यहां पर हर साल हेपेटाइटिस बी के एक हजार और हेपेटाइटिस सी के 300 मरीजों की पहचान होती है
इस सेंटर में मरीजों को समय पर जांच और उपचार प्रदान किया जाता है, जिससे उन्हें इस बीमारी के कारण होने वाली जटिल समस्याओं से बचाया जा सकता है
हेपेटाइटिस के मरीजों की संख्या में इजाफा
हेपेटाइटिस के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है, इसका कारण यह है कि लोगों में जागरूकता बढ़ रही है, वे समय पर जांच और उपचार करा रहे हैं
हेपेटाइटिस बी और हेपेटाइटिस सी के मरीजों की संख्या में विशेष रूप से इजाफा हुआ है, इन मरीजों को समय पर जांच और उपचार प्रदान करना आवश्यक है
- हेपेटाइटिस के मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है
- हेपेटाइटिस बी और हेपेटाइटिस सी के मरीजों की संख्या में विशेष रूप से इजाफा हुआ है
- समय पर जांच और उपचार से हेपेटाइटिस के मरीजों को जटिल समस्याओं से बचाया जा सकता है
हेपेटाइटिस के बारे में जागरूकता
हेपेटाइटिस के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए विश्व हेपेटाइटिस दिवस मनाया जाता है, इस दिवस पर लोगों को हेपेटाइटिस के बारे में जानकारी प्रदान की जाती है
लोगों को हेपेटाइटिस के कारणों और इसके उपचार के बारे में जानकारी प्रदान करना आवश्यक है, ताकि वे इस बीमारी से बच सकें और समय पर जांच और उपचार करा सकें

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