आज का पंचांग (गुरुवार, 22 October 2026)
सनातन धर्म में किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले पंचांग देखने की परंपरा है। पंचांग के माध्यम से तिथि, नक्षत्र, योग, करण और शुभ-अशुभ मुहूर्तों की जानकारी प्राप्त होती है। आइए जानते हैं 22 October 2026 का विस्तृत पंचांग।
🌞 आज का दिन विशेष
गुरुवार का दिन बृहस्पति देवता की कृपा से परिपूर्ण माना जाता है। बृहस्पति ज्ञान, धर्म, समृद्धि और न्याय के प्रतीक हैं। इस दिन बौद्धिक कार्य, अध्ययन, लेखन और आध्यात्मिक साधना के लिए अत्यधिक अनुकूलता होती है। यदि आप कोई नया पाठ्यक्रम शुरू करना चाहते हैं या किसी विद्वान से मिलना चाहते हैं, तो यह दिन आपके लिये लाभकारी रहेगा। बृहस्पति के प्रभाव से व्यापार में विस्तार, निवेश में सफलता और परिवार में सुख-शांति का भी संचार होता है।
📅 तिथि, नक्षत्र, योग, करण
- वार: गुरुवार
- तिथि: कृष्ण त्रयोदशी
- नक्षत्र: उत्तर फाल्गुनी
- योग: विष्कम्भ
- करण: विष्टी
🌅 सूर्योदय और सूर्यास्त | चंद्र उदय-चंद्रास्त
Noida, Uttar Pradesh (स्थानीय समयानुसार)
- सूर्योदय: 06:44
- सूर्यास्त: 18:10
- चंद्र उदय: 20:30
- चंद्रास्त: 08:45
⛔ राहुकाल, गुलिक काल, यमगण्ड
| काल | समय |
|---|---|
| राहुकाल | 12:38 – 14:04 |
| गुलिक काल | 15:30 – 16:56 |
| यमगण्ड | 15:30 – 16:56 |
🌟 अभिजीत मुहूर्त
12:03 – 12:51
अभिजीत मुहूर्त को सबसे शुभ समय माना जाता है; इस दौरान किए गए कार्यों में सफलता और दीर्घकालिक लाभ की संभावना अधिक रहती है।
🕒 दिन के चोघड़िया
| चोघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| उद्वेग | 06:44 – 08:10 | विपरीत, सावधानी आवश्यक |
| चर | 08:10 – 09:36 | सामान्य, कोई विशेष प्रभाव नहीं |
| लाभ | 09:36 – 11:02 | व्यापार, खरीद‑फरोख्त में लाभ |
| अमृत | 11:02 – 12:38 | स्वास्थ्य, आध्यात्मिक कार्य में उत्तम |
| शुभ | 12:38 – 14:04 | शुभ कार्य, विवाह, गृह प्रवेश |
| रोग | 14:04 – 15:30 | सर्जिकल या शारीरिक कार्य टालें |
| उद्वेग | 15:30 – 16:56 | विपरीत, विवाद की संभावना |
| चर | 16:56 – 18:10 | सामान्य, हल्के‑फुल्के कार्य |
🌙 रात के चोघड़िया
| चोघड़िया | समय | फल |
|---|---|---|
| लाभ | 18:10 – 19:44 | वित्तीय लाभ, नई योजना |
| अमृत | 19:44 – 21:18 | ध्यान, योग, स्वास्थ्य सुधार |
| शुभ | 21:18 – 22:52 | विवाह, शास्त्र पाठ, दान |
| रोग | 22:52 – 00:26 | शारीरिक कार्य टालें |
| उद्वेग | 00:26 – 02:00 | विपरीत, यात्रा में सावधानी |
| चर | 02:00 – 03:34 | सामान्य, नींद के लिये उत्तम |
| लाभ | 03:34 – 05:08 | वित्तीय लेन‑देन में सफलता |
| अमृत | 05:08 – 06:44 | ध्यान, प्रार्थना, आध्यात्मिक कार्य |
🪔 आज के विशेष शुभ मुहूर्त
- ब्रह्म मुहूर्त: 05:08 – 06:44
- अभिजीत मुहूर्त: 12:03 – 12:51
- विजय मुहूर्त: 07:30 – 09:30
- अमृत चौघड़िया: 11:02 – 12:38
- गोधूलि मुहूर्त: 18:00 – 18:30
🛕 पूजा एवं संकल्प मुहूर्त
बृहस्पति की पूजा के लिये 12:38 – 14:04 (शुभ) समय उत्तम है। इस अवधि में बृहस्पति मंत्र “ॐ बृहस्पतये नमः” का जप 108 बार करें। यदि आप कोई व्रत रख रहे हैं, तो सूर्योदय से पहले (05:08 – 06:44) जल स्नान कर व्रत आरम्भ करें। दान‑पुण्य के लिये रात के शुभ चोघड़िया 21:18 – 22:52 में दान करना लाभकारी रहेगा।