(ब्यूरो कार्यालय)
सिवनी (साई)। 02 अक्टूबर 2026 को महात्मा गांधी जयंती के अवसर पर मध्यप्रदेश सरकार ने सिवनी जिले में एक दिन का शुष्क दिवस घोषित किया। कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्रीमती नेहा मीना ने आदेश जारी किया, जिसमें सभी कम्पोजिट मदिरा दुकानों, एफ.एल.-3/एफ.एल.-3 (ए) और आर.डब्ल्यू.एस.-1 से शराब का विक्रय, भण्डारण और परिवहन पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया। यह कदम सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा, सामाजिक शांति और शराब से जुड़े अपराधों को रोकने के लिए उठाया गया है।
शुष्क दिवस के नियम और लागू क्षेत्र
आदेश के अनुसार शुष्क दिवस के दौरान जिले की समस्त कम्पोजिट मदिरा दुकानों, एफ.एल.-3/एफ.एल.-3 (ए) तथा आर.डब्ल्यू.एस.-1 से शराब का विक्रय, प्रदाय और परिवहन पूर्णतः निषिद्ध रहेगा। शराब भण्डारण करने वाले किसी भी देशी या विदेशी भण्डार को भी इस प्रतिबंध का पालन करना होगा। उल्लंघन करने पर मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 की धारा-24 के तहत कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी, जिसमें जुर्माना और लाइसेंस रद्दीकरण शामिल है। कलेक्टर ने संबंधित पुलिस, आयुक्त और स्थानीय प्रशासन को आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
सरकारी प्रतिबद्धता और सामाजिक प्रभाव
शुष्क दिवस का उद्देश्य शराब सेवन से उत्पन्न सामाजिक बुराइयों को कम करना, सड़क सुरक्षा में सुधार लाना और महात्मा गांधी के अहिंसा एवं स्वच्छता के सिद्धांतों को साकार करना है। प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार की समय-समय पर लागू की जाने वाली नीतियां नागरिकों में जागरूकता बढ़ाएंगी और शराब से जुड़े अपराधों में गिरावट लाएंगी। स्थानीय NGOs और स्वास्थ्य विभाग ने इस पहल का स्वागत किया है और जागरूकता अभियानों के माध्यम से जनता को सहयोग देने का वचन दिया है।
खबर के प्रमुख बिंदु
• कंपनी: मध्यप्रदेश सरकार • आयोजन: शुष्क दिवस घोषणा • स्थान: सिवनी • मुख्य उद्देश्य: शराब बिक्री व परिवहन पर प्रतिबंध • प्रमुख संकल्प/घोषणाएं: सभी मदिरा दुकानों एवं भण्डारों से शराब का विक्रय निषिद्ध • लक्ष्य: सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा, सामाजिक शांति, अपराध में कमी
शुष्क दिवस के माध्यम से सरकार ने कर्मचारी कल्याण, सामाजिक जिम्मेदारी और सार्वजनिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी है। नियमित रूप से ऐसे प्रतिबंधात्मक कदमों को लागू करने से न केवल शराब से जुड़ी समस्याओं में कमी आएगी, बल्कि सतत विकास और ऑपरेशनल उत्कृष्टता की दिशा में भी सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। भविष्य में भी कलेक्टर एवं संबंधित प्राधिकरण इस प्रकार की नीतियों को समय-समय पर समीक्षा कर, आवश्यक सुधारों के साथ लागू करेंगे, जिससे सिवनी और आसपास के क्षेत्रों में सुरक्षित एवं स्वस्थ वातावरण स्थापित होगा।