जसवंत सिंह खालड़ा की कहानी को खालिस्तानी आतंकी पन्नून ने शहीद का दर्जा दिलाने के लिए एक अभियान शुरू किया है, जिसमें उन्होंने अकाल तख्त साहिब से 6 सितंबर को शहीदी समागम आयोजित करने की मांग की है। इस अभियान के पीछे की सच्चाई क्या है और इसके मायने क्या हैं?


