सिवनी में बढ़ी ठिठुरन: बीते 24 घंटों में तापमान में तेज गिरावट, सर्द हवाओं से बढ़ी कंपकंपी

सिवनी जिले में रविवार 07 दिसंबर 2025 को पिछले 24 घंटों का तापमान लगातार गिरावट की ओर रहा। शहर तथा ग्रामीण इलाकों में सुबह-सुबह सर्द हवाओं ने ठिठुरन बढ़ा दी। शाम तक मौसम में ठंड का दवाब बढ़ता दिखाई दिया, जिससे जनजीवन पर असर महसूस किया गया। किसानों से लेकर आम नागरिकों तक सभी ने सर्दी के तेज होते प्रभाव को दर्ज किया।

(ब्यूरो कार्यालय)

सिवनी (साई)।सिवनी जिले में आज रविवार07दिसंबर2025की शाम तक रिकार्ड किया गया पिछले24घंटों का तापमान इस प्रकार रहा . . .

सिवनी, रविवार 07 दिसंबर 2025
अधिकतमन्यूनतमआद्रता
सुबह15.61153
शाम26.41557
वर्षा0मिली मीटर

सिवनी जिले में पिछले 24 घंटों के दौरान मौसम का मिजाज एकदम बदलता हुआ दिखाई दिया। रविवार की सुबह से लेकर शाम तक जिलेभर में सर्द हवाओं का प्रभाव स्पष्ट रूप से महसूस किया गया। मौसम विभाग द्वारा दर्ज आंकड़ों के अनुसार तापमान में निरंतर गिरावट बनी हुई है, जिसने न केवल शहर के नागरिकों बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को भी ठिठुरन का एहसास करवाया।

इस समय दिसंबर का पहला सप्ताह समाप्ति की ओर है और उत्तरी हवाओं का रुख मध्य भारत की ओर तेज़ी से बढ़ रहा है। ऐसे में सिवनी जैसे जंगलों और पहाड़ी इलाकों वाला जिला स्वाभाविक रूप से अधिक ठंड अनुभव करता है। शनिवार रात से शुरू हुई सर्द हवाएं रविवार की सुबह और भी ज्यादा तीखी रहीं।

सर्दी की दस्तक और बढ़ती चुनौती

पिछले कुछ दिनों से जिले में हल्की सर्दी का एहसास हो रहा था, लेकिन शनिवार देर रात से रविवार शाम तक मौसम में अचानक आई ठंडक ने कई जगहों पर जनजीवन को प्रभावित किया।

सिवनी शहर, डूंडासिवनी, लखनादौन, केवलारी, बरघाट और कोतवाली क्षेत्र सहित कई हिस्सों में लोग सुबह-सुबह घनी ठंड का सामना करते हुए दिखे।

आसमान साफ रहने के कारण रात में तापमान तेजी से नीचे जाता है और यही कारण है कि सुबह की ठिठुरन अधिक महसूस होती है।

स्थानीय लोगों के लिए कैसी रही सुबह?

रविवार की सुबह लोग जब घरों से बाहर निकले तो तेज़ सर्द हवाएं और चेहरे पर चुभन देने वाला माहौल साफ दिखा।

  • सड़क पर पैदल चलने वालों की संख्या कम रही।
  • कई जगहों पर दुकानें देर से खुलीं।
  • चाय और गर्म पेय पदार्थ की दुकानों पर भीड़ बढ़ी।
  • बच्चों और बुजुर्गों ने अतिरिक्त ऊनी कपड़ों का इस्तेमाल शुरू किया।

शहर के कई क्षेत्रों में धुंध की हल्की परत भी नजर आई, हालांकि दृश्यता पर इसका बड़ा असर नहीं पड़ा।

कृषि क्षेत्र पर मौसम का प्रभाव

दिसंबर माह किसानों के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण होता है क्योंकि यही वह समय है जब रबी फसलों की बढ़वार तेज़ होती है। तापमान में गिरावट का कृषि पर मिश्रित प्रभाव देखा गया।

सकारात्मक प्रभाव

  • गेहूं, चना, मसूर और सरसों जैसी रबी फसलों को ठंडक लाभ पहुंचाती है।
  • फसलों की नमी संरक्षित रहती है।
  • रोगों और कीटों का प्रकोप कम होता है।

नकारात्मक प्रभाव

  • अत्यधिक पाला या कोहरा परेशानी पैदा कर सकता है।
  • छोटे पौधों पर तेज सर्द हवाओं का असर पड़ सकता है।

कई किसानों ने बताया कि मौसम अभी तक फसलों के लिए अनुकूल है लेकिन अचानक तापमान में भारी गिरावट आई तो पाला पड़ने की संभावना को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।

शहर में बढ़ी स्वास्थ्य सावधानियाँ

सर्दी बढ़ने के साथ स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का खतरा भी बढ़ता है।

डॉक्टरों ने नागरिकों को सुबह और देर शाम बेवजह बाहर न निकलने, पर्याप्त गर्म कपड़े पहनने और गर्म पेय पदार्थों का सेवन करने की सलाह दी है। विशेषकर बुजुर्ग, बच्चे और पूर्व-बीमारियों से ग्रसित लोग अधिक सतर्क रहें।

आने वाले दिनों का पूर्वानुमान

मौसम विभाग के प्रारंभिक अनुमान बताते हैं कि अगले 48 घंटों में तापमान में और गिरावट संभव है।

मौसम की मुख्य संभावनाएँ:

  • रात का पारा और नीचे जा सकता है।
  • सुबह के समय ठिठुरन बढ़ सकती है।
  • दिन में हल्की धूप रह सकती है, लेकिन हवाएं ठंड को बढ़ाएंगी।
  • आने वाले सप्ताह में हल्की धुंध की स्थिति भी बन सकती है।

मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तरी भारत में लगातार ठंड बढ़ने से मध्य भारत पर इसका असर देखना स्वाभाविक है।

लोगों की प्रतिक्रियाएँ

स्थानीय नागरिकों से बातचीत करने पर पता चला कि ठंड अचानक बढ़ जाने से दैनिक दिनचर्या पर हल्का असर पड़ा है।

कई व्यापारी और असंगठित क्षेत्र में काम करने वाले श्रमिकों ने बताया कि सुबह के समय कामकाज शुरू करने में कठिनाई हो रही है।

वहीं, युवाओं और छात्रों के लिए भी सुबह जल्दी निकलना चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है। स्कूल बसों में बच्चों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त सावधानी बरती जा रही है।

यातायात पर हल्का असर

हालांकि दृश्यता सामान्य थी, फिर भी सुबह-सुबह कई मार्गों पर रफ्तार धीमी देखी गई।
वाहन चालक धुंध और ठंडे मौसम के कारण सतर्कता बरतते हुए दिखाई दिए।

Conclusion /निष्कर्ष

सिवनी जिले में रविवार 07 दिसंबर 2025 को पिछले 24 घंटों के दौरान तापमान में आई गिरावट ने मौसम के तेवर पूरी तरह बदल दिए। सर्द हवाओं और सुबह की ठिठुरन ने स्पष्ट संकेत दिया है कि ठंड अब पूरी ताकत से दस्तक दे चुकी है। किसानों, विद्यार्थियों, बुजुर्गों और आम नागरिकों को आने वाले दिनों में और सतर्क रहने की आवश्यकता है।
यदि मौसम विभाग के पूर्वानुमान सही रहते हैं, तो आगामी दिनों में पारा और नीचे जा सकता है, जिससे ठंड का प्रभाव और भी अधिक बढ़ेगा।

सिवनी के लिए यह ठंड का मौसम कई चुनौतियाँ और जरूरी सावधानियाँ लेकर आया है, लेकिन साथ ही कृषि और पर्यावरण के लिए यह समय महत्वपूर्ण और उपयोगी भी है।