आखिर प्रशासन की कार्रवाई में रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल का अता-पता क्यों नहीं?

सिवनी जिले के सुखतरा क्षेत्र में स्थित एयरस्ट्रिप के पास रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल और सड़क किनारे बने होटल को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन की कार्यवाही में एक ओर फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल का नाम सामने नहीं आ रहा, तो दूसरी ओर एयरस्ट्रिप के बिल्कुल नजदीक होटल निर्माण की अनुमति को लेकर संदेह गहराता जा रहा है। यह मामला प्रशासनिक पारदर्शिता, नियमों की अनदेखी और सुरक्षा मानकों से सीधे जुड़ा हुआ है।

सिवनी में सुखतरा एयरस्ट्रिप के पास सड़क किनारे किसकी अनुमति से बन गया होटल!

सिवनी जिले के सुखतरा क्षेत्र में स्थित एयरस्ट्रिप एक बार फिर विवादों के केंद्र में है। सवाल यह है कि जिस इलाके में सुरक्षा, विमानन नियम और भूमि उपयोग से जुड़े सख्त प्रावधान लागू होते हैं, वहां न केवल एक होटल का निर्माण सड़क किनारे हो गया, बल्कि रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल जैसे महत्वपूर्ण संस्थान का नाम प्रशासनिक कार्रवाई में कहीं नजर नहीं आ रहा।

यह मामला केवल एक होटल या प्रशिक्षण स्कूल तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रशासनिक निष्पक्षता, नियमों के पालन और आम जनता की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। स्थानीय लोगों के बीच यह चर्चा तेजी से फैल रही है कि आखिर किन परिस्थितियों में एयरस्ट्रिप के पास यह सब संभव हुआ।

सुखतरा क्षेत्र में स्थित सिवनी की एयरस्ट्रिप लंबे समय से चर्चा में रही है। इस एयरस्ट्रिप का उपयोग प्रशिक्षण उड़ानों, आपातकालीन जरूरतों और भविष्य की विमानन संभावनाओं के लिए किया जाता रहा है।

कुछ समय पूर्व यहां रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल की गतिविधियां शुरू होने की जानकारी सामने आई। फ्लाइट ट्रेनिंग जैसे संवेदनशील कार्य के लिए नागरिक उड्डयन से जुड़े कई नियम, सुरक्षा मानक और प्रशासनिक अनुमतियां आवश्यक होती हैं।

इसी बीच एयरस्ट्रिप के बाजू में सड़क किनारे एक होटल का निर्माण हो जाना कई सवालों को जन्म देता है। आमतौर पर एयरस्ट्रिप या हवाई पट्टी के आसपास निर्माण को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश होते हैं, ताकि उड़ानों की सुरक्षा, दृश्यता और आपात स्थिति में कोई बाधा न आए।

वर्तमान स्थिति / Latest Developments

हाल ही में प्रशासन द्वारा अतिक्रमण और अवैध निर्माण को लेकर कुछ कार्रवाई की गई, लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि इस कार्रवाई में रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल का कहीं उल्लेख नहीं हुआ।

वहीं, सड़क किनारे बना होटल अब पूरी तरह से चर्चा का विषय बन चुका है। सवाल उठ रहे हैं कि:

  • होटल निर्माण की अनुमति किस विभाग ने दी?
  • क्या एयरस्ट्रिप के पास निर्माण की अनुमति लेने की प्रक्रिया का पालन किया गया?
  • क्या स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों ने स्थल निरीक्षण किया?

प्रशासनिक खामोशी ने संदेह को और गहरा कर दिया है।

एयरस्ट्रिप के पास निर्माण: नियम क्या कहते हैं?

विमानन और शहरी विकास नियमों के अनुसार, किसी भी एयरस्ट्रिप या हवाई पट्टी के आसपास एक निश्चित दायरे में निर्माण पर प्रतिबंध या सख्त नियंत्रण होता है। इसके पीछे मुख्य कारण हैं:

  • उड़ान और लैंडिंग के दौरान सुरक्षा
  • आपात स्थिति में खुला क्षेत्र उपलब्ध होना
  • दृश्यता और नेविगेशन में बाधा न आना
  • आग, शोर और दुर्घटना जोखिम को कम करना

ऐसे में सड़क किनारे होटल का निर्माण होना नियमों की अनदेखी की ओर इशारा करता है।

प्रशासनिक कार्रवाई में चयनात्मक रवैया?

सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब प्रशासन अतिक्रमण या अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करता है, तो रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल का नाम सामने क्यों नहीं आता।

स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का कहना है कि:

  • कार्रवाई कुछ चुनिंदा निर्माणों तक सीमित रही
  • प्रभावशाली संस्थानों पर कोई स्पष्ट कदम नहीं उठाया गया
  • पारदर्शिता की कमी साफ नजर आ रही है

यह स्थिति प्रशासन की निष्पक्षता पर सवाल खड़े करती है।

आंकड़े, तथ्य और विश्लेषण

यदि पिछले कुछ वर्षों के मामलों को देखें, तो सिवनी जिले में एयरस्ट्रिप या शासकीय भूमि के आसपास हुए निर्माण हमेशा विवाद का कारण बने हैं।

विश्लेषण के प्रमुख बिंदु:

  • एयरस्ट्रिप के आसपास भूमि का व्यावसायिक उपयोग बढ़ा
  • अनुमति प्रक्रिया सार्वजनिक रूप से स्पष्ट नहीं
  • स्थानीय निकाय और राजस्व विभाग के बीच समन्वय की कमी

इन तथ्यों से यह स्पष्ट होता है कि मामला केवल एक होटल तक सीमित नहीं, बल्कि एक बड़े सिस्टम की खामी को उजागर करता है।

आम जनता पर असर

इस पूरे विवाद का सीधा असर आम नागरिकों पर पड़ता है।

  • सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ी
  • सरकारी नियमों पर भरोसा कमजोर हुआ
  • स्थानीय लोगों में असंतोष और नाराजगी

लोग सवाल कर रहे हैं कि यदि नियम आम नागरिकों के लिए सख्त हैं, तो बड़े निर्माणों के लिए क्यों नहीं?

सामाजिक और राजनीतिक प्रभाव

इस मुद्दे ने सामाजिक और राजनीतिक स्तर पर भी हलचल मचा दी है।

  • स्थानीय प्रतिनिधियों से जवाब मांगे जा रहे हैं
  • प्रशासनिक अधिकारियों की भूमिका पर सवाल
  • भविष्य में इस मुद्दे के राजनीतिक रंग लेने की संभावना

यदि समय रहते स्पष्ट जवाब नहीं मिला, तो यह मामला बड़े आंदोलन का रूप भी ले सकता है।

भविष्य की संभावनाएं / आगे क्या?

आने वाले समय में इस मुद्दे पर कुछ अहम घटनाक्रम संभव हैं:

  • एयरस्ट्रिप के आसपास सभी निर्माणों की जांच
  • अनुमति प्रक्रिया की सार्वजनिक समीक्षा
  • दोषी पाए जाने पर कार्रवाई

यदि प्रशासन पारदर्शी जांच करता है, तो न केवल जनता का भरोसा बहाल होगा, बल्कि भविष्य में ऐसे विवादों से भी बचा जा सकेगा।

🏁 8️⃣ Conclusion / निष्कर्ष

सिवनी के सुखतरा एयरस्ट्रिप के पास रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग स्कूल और सड़क किनारे बने होटल का मामला केवल एक निर्माण विवाद नहीं है, बल्कि यह प्रशासनिक जवाबदेही और नियमों के समान पालन का सवाल है। प्रशासन की कार्रवाई में चयनात्मक रवैया और स्पष्ट जानकारी का अभाव जनता के बीच असंतोष पैदा कर रहा है। अब आवश्यकता है कि पूरे मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच हो, ताकि नियमों का सम्मान बना रहे और आम नागरिकों का भरोसा कायम रह सके।