सिमरिया तिराहे पर हुई घटना से शहर में मची सनसनी
(अपराध ब्यूरो)
सिवनी (साई)। अंधेरा होने के पहले ही सिवनी से जबलपुर मार्ग पर सिर्फ ढाई तीन किलोमीटर दूर सिमरिया तिराहे पर एक कार में सवार युवक ने कार चला रहे पति और बाजू में बैठी पत्नि को चाकुओं से गोद दिया, इसके बाद वह उतरकर सिवनी की तरफ भागा और चंद कदम दूर ही उसने उसी चाकू को अपने गले में फेर दिया।
यह किसी फिल्म की कहानी नहीं, वरन मध्य प्रदेश के शांत समझे जाने वाले किन्तु वर्तमान में अपराध का तेजी से गढ़ बन रहे सिवनी जिले में हुआ एक हादसे का वाक्या है। प्रत्यक्ष दर्शियों के अनुसार मंगलवार 26 अगस्त की शाम साई मंदिर के कुछ पहले यह घटना घटी। जैसे ही यह घटना सोशल मीडिया पर वायरल हुई वैसे ही सिवनी में सनसनी फैल गई। यह घटना शाम छः बजकर 40 मिनिट पर घटी बताई जा रही है।
पुलिस सूत्रों ने समाचार एजेंसी ऑफ इंडिया को बताया कि जिले के लोपा ग्राम निवासी ठाकुर दम्पत्ति लगभग एक साल पहले गांव से शहर आकर कर्वे कॉलोनी के पास निवास करने लगे थे। पति प्रकाश ठाकुर के द्वारा एकाऊॅटिंग साफ्टवेयर टैली पर काम करके जीविकोपार्जन किया जाता था, और पत्नि श्रृद्धा ठाकुर ग्रहणी थी।
सूत्रों के अनुसार इनकी मुलाकात मंगलीपेठ निवासी 30 वर्षीय अर्शित वर्मा से हुई। अर्शित वर्मा के द्वारा प्रकाश ठाकुर को सब्जबाग दिखाए गए कि वह उनकी सरकारी नौकरी लगवा देगा। जिला उद्योग केंद्र में प्रबंधक बनाने के एवज में प्रकाश ठाकुर के द्वारा अर्शित को बड़ी रकम पेशगी के बतौर दी गई थी। यह रकम कितनी थी इस बारे में फिलहाल पता नहीं चल पाया है।
सूत्रों ने आगे बताया कि मंगलवार 26 अगस्त को प्रकाश ठाकुर की कार से प्रकाश ठाकुर उनकी पत्नि श्रृद्धा और मृतक अर्शित वर्मा तीनों जबलपुर गए क्योंकि अर्शित ने उन्हें डीआईसी के प्रबंधक का ज्वाईनिंग लेटर दिलाने का वायदा किया था। ये तीनों कार से जबलपुर और उसके बाद संभवतः कटनी तक गए। वहां अर्शित ठाकुर के द्वारा कुछ देर यहां वहां घुमाने, कुछ देर इन्हें अकेला छोड़ने के बाद इनसे कहा गया कि वापस चलना होगा, क्योंकि एपाईंटमेंट लेटर और ज्वाईनिंग लेटर उन्हें ईमेल पर भेजा जाएगा।
सूत्रों के अनुसार इसके बाद तीनों वापस लौट रहे थे, कि अचानक ही बायपास के करीब प्रकाश ठाकुर को भान हुआ कि अर्शित ने उन्हें ठगा है तो उन्होंने अपने पैसे वापस मांगने आरंभ कर दिए। कार में ही तीनों के बीच वाद विवाद होने लगा। वाद विवाद काफी बढ़ जाने पर पीछे बैठे अर्शित ने लगभग बारह इंच का नुकीला हथियार निकाला और वाहन चला रहे प्रकाश ठाकुर पर ताबड़तोड़ वार करना आरंभ कर दिया। जब उनकी पत्नि श्रृद्धा ने अपने पति प्रकाश को बचाने का प्रयास किया तो अर्शित ने उन पर भी हथियार से वार कर दिए।
वहीं, प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार वहां हंगामा होते देख भीड़ जुटने लगी। इसी बीच आरोपी अर्शित कार से उतरा और उसने वहां से दौड़ लगा दी। लगभग सौ डेढ़ सौ कदम दौड़ने के बाद उसने भी अपनी गर्दन पर उसी हथियार से वार किया और वह मौके पर ही गिर गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार इसके उपरांत किसी राहगीर ने ठाकुर दंपत्ति की मदद करते हुए उनकी ही कार से उन्हें दलसागर के मुहाने पर स्थित साईराम अस्पताल में ले जाकर भर्ती करवा दिया। वहां प्रकाश ठाकुर की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें नागपुर रिफर कर दिया है, जबकि श्रृद्धा ठाकुर का ईलाज अस्पताल में जारी है।
सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और शव का पंचनामा बनाकर उसे शव परीक्षण के लिए भेज दिया है। इस मामले में घायलों से पूछताछ की जा रही है।
यहां यह उल्लेखनीय होगा कि सिवनी शहर में नशे की लत के चलते अपराधों की तादाद में बढ़ोत्तरी दर्ज की जा रही है। देर रात मयजदों के आतंक से शहर में सन्नाटा पसरा रहता है। सफेद पाऊडर, शराब सहित अन्य नशे की चीजों का खुलेआम सेवन किए जाने की खबरों से सोशल मीडिया लंबे समय से पटा हुआ है।
इस सबके बाद भी न तो सांसदों, न ही विधायकों, न ही कांग्रेस भाजपा सहित अन्य राजनैतिक दलों के नुमाईंदों की तंद्रा टूट पा रही है। न ही प्रशासन और पुलिस ही इस तरह की घटनाओं को गंभीरता से ले रही है, जिससे आने वाले समय में युवा पीढ़ी के भविष्य पर प्रश्नचिन्ह लगना स्वाभाविक ही प्रतीत हो रहा है।