स्वाइन फ्लू से अब तक 107 की मौत

 

 

 

 

87 नए केस आए सामने

(ब्‍यूरो कार्यालय)

जयपुर (साई)। राजस्थान में स्वाइन फ्लू का जानलेवा कहर थमता नहीं नजर आ रहा है। राज्य में वायरस के शिकार दो और लोगों की रविवार को मौत हो गई। इसके साथ ही इस साल स्वाइन फ्लू से राज्य में अब तक 107 लोगों की मौत हो चुकी है। इस बीच सोडाला इलाके में लोग स्वाइन फ्लू वायरस के डर के साए में जिंदगी गुजार रहे हैं।

रविवार को नागौर और बीकानेर जिले में स्वाइन फ्लू से पीड़ित 1-1 मरीज की मौत हो गई। इस साल जनवरी में बीमारी ने तेजी से पैर पसारने शुरू कर दिए। इस बीच स्वाइन फ्लू से 87 और लोगों के संक्रमित होने का पता चला है। अब तक (रविवार तक) बीमारी के कुल 2,941 मामले सामने आ चुके हैं। 87 नए मामलों में से 32 जयपुर, 17 कोटा और 10 उदयपुर से हैं। जयपुर में स्वाइन फ्लू के सबसे ज्यादा मामलों की बात सामने आई है।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के मुताबिक स्वाइन फ्लू के डर के चलते सोडाला में सर्दी, खांसी या बुखार की शिकायत होने पर लोग फौरन जांच कराने के लिए डॉक्टरों के पास पहुंच रहे हैं। पिछले 40 दिनों के दौरान सोडाला में स्वाइन फ्लू के 119 मामले सामने आए हैं। हालांकि एच1एन1 इन्फ्लुएंजा बुरी तरह प्रभावित होने के बावजूद इस इलाके में मौत का अभी कोई केस नहीं पता चला है। अधिकारियों का कहना है कि वायरस से प्रभावित सोडाला समेत शहर के कई इलाकों में स्वास्थ्य विभाग की टीम लगातार लोगों की जांच कर रही है।

घनी आबादी की वजह से जयपुर के परकोटे वाले इलाके में स्वास्थ्य विभाग की टीम को जांच करने में दिक्कत आ रही है। 2019 में अब तक इस इलाके में 106 लोग बीमारी के शिकार हो चुके हैं। झोटवाड़ा, मानसरोवर, मालवीयनगर, सांगानेर, गांधीनगर, वैशालीनगर और राजा पार्क जैसे इलाके स्वाइन फ्लू के वायरस से सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। जयपुर के झोटवाड़ा, परकोटे वाला इलाका, जगतपुरा, फागी और सांगानेर में स्वाइन फ्लू से 5 लोगों की मौत हो चुकी है।

स्वास्थ्य विभाग का दावा है कि स्वाइन फ्लू के खतरे से आगाह करने के लिए लोगों के बीच जागरूकता फैलाने की तमाम कोशिशें की जा रही हैं। बीमारी की जल्द पहचान और समय से इलाज के लिए विभाग की कई टीमें प्रभावित इलाकों में लोगों की जांच कर रही हैं।

You May Also Like

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *